Friday, January 29, 2010


दरिया वफ़ाओं का कभी रुकता,
इंसान मोहब्बत में कभी झुकता,
ख़ामोश हैं हम किसीकी ख़ुशी के लिए,
पर उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता !



43 comments:

अमिताभ श्रीवास्तव said...

sach he prem ki khamoshi knha kise pata chalti he ki usame koi dard bhi he. aour yah bataai bhi nahi jaa sakti.
umda he.

Anil said...

लोग कहते है की इतनी दोस्ती मत करो की दोस्त दिल पर सवार हो जाए.
हम कहते हैं दोस्ती इतनी करो की दुश्मन को भी तुमसे प्यार हो जाए.

http://smsinhindi.com/

वन्दना said...

kya baat hai aaj to dard hi dard undel kar rakh diya........seedha dil mein utar gayi.

अजय कुमार said...

बेमिसाल है

ह्रदय पुष्प said...

"उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता"
वाह वाह

राज भाटिय़ा said...

वाह वाह बहुत सुंदर भाव लिये है आप की यह रचना

पी.सी.गोदियाल said...

वाह, बहुत सुंदर !

शहरोज़ said...

nice post!

संजय भास्कर said...

"उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता"
वाह वाह

डॉ टी एस दराल said...

ख़ामोश हैं हम किसीकी ख़ुशी के लिए,
पर उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता !

बहुत ही सुन्दर।

Sumandebray said...

Khamoshi hamesha bejuban nahi hote ....

विचारों का दर्पण said...

bejubaa muhabbt nahi hoti ....bina bole sab kuch khe deti hai ..

Arshad Ali said...

good job

Payar me sahna padta hay
Isse kisi ko inkar kahan
Gar payar ka matlab pana hay
To pyar bhala phir pyar kahan..

महेन्द्र मिश्र said...

कम शब्दों में अच्छी रचना ....

Manoj Bharti said...

खुबसूरत रचना ...

shama said...

Aapke guldasteka yah ek sundar phool hai!

Suman said...

nice

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक said...

बहुत सुन्दर!
कूजे में समन्दर समा दिया आपने!

सुरेन्द्र "मुल्हिद" said...

boht he badhiyaa ji...

शाहिद मिर्ज़ा ''शाहिद'' said...

बबली जी आदाब
न दरिया वफ़ाओं का कभी रुकता.....
........पर उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता...
?????
एक शेर देखिये-
दर्द की खातिर है दिल और दिल की खातिर दर्द है
दर्द से खाली हुआ तो दिल कहा रह जायेगा???

अनामिका की सदाये...... said...

bahut khoobsurat sher...bheetar tak sama gaya.

JHAROKHA said...

sach hai yah baat .Agar ashk ko aakho .se na bahayain chahy diil main lakh tufan chhupayn hon ,dard ko sahate rahain,par kabhi kabhi kisi kisi ko lagata hai kihamaara dil to pathhar ka bana jodukhata hi nahi.
bauht bauht hardik kamanaon ke saath .
poonam.

ताऊ रामपुरिया said...

बहुत लाजवाब.

रामराम.

Udan Tashtari said...

शानदार!!

Mithilesh dubey said...

बेहद खूबसूरत ।

मस्तानों का महक़मा said...

वाह-वाह,,,,

बहुत ही खूबसुरत शब्दों में जड़ा ये भाव जो किसी की भी आत्मा को ये सोचने पर मजबूर करदे की जिस तरह एक पहिये पर गाड़ी का चलना संबव नहीं है उसी तरह दुखों का ये पहाड़ सिर्फ एक के दिल पर नही गिरता.
शुभ कामनाऐं

singhsdm said...

उर्मी जी
न दरिया वफ़ाओं का कभी रुकता,
न इंसान मोहब्बत में कभी झुकता,
ख़ामोश हैं हम किसीकी ख़ुशी के लिए,
पर उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता !
चार पंक्तियों में बहुत कुछ कह दिया आपने !

BK Chowla, said...

A very good one of the new year.

दिगम्बर नासवा said...

ख़ामोश हैं हम किसीकी ख़ुशी के लिए,
पर उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता ...

सच कहा ..... इंसान लिस्की फ़िक्र करता है वो उतना ही बेवाफा निकलता है ......... बहुत अच्छा लिखा है .........

शुभम जैन said...

bahut khub...

रवि धवन said...

जब शब्द खत्म हो जाते हैं तब मौन बोलता है। जो आपने लिखा, मैं महीनों से ऐसे अल्फाज ढूंढ रहा था। बहुत-बहुत धन्यवाद। ह्रदय को अब कुछ सुझ नहीं रहा।

ज्योति सिंह said...

bahut khoobsurat haqikat byan kiya ,jai hind ,thodi der ho gayi kaam ke karan

ज्योति सिंह said...

दर्द की खातिर है दिल और दिल की खातिर दर्द है
दर्द से खाली हुआ तो दिल कहा रह जायेगा???
mirza sahab aapki panktiyaan nahle par dahle ki tarah ho gayi ,bahut khoob

Ram Shiv Murti Yadav said...

Khubsurat bhavon se rachi kavita...badhai.

KK Yadav said...

ख़ामोश हैं हम किसीकी ख़ुशी के लिए,
पर उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता !
....Samvedna ko dhar deti anupam kavita.

विनोद कुमार पांडेय said...

बहुत सुंदर भाव..खूबसूरत भाव से सजी खूबसूरत शेर...धन्यवाद बबली जी

mark rai said...

ख़ामोश हैं हम किसीकी ख़ुशी के लिए,
पर उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता....
बहुत सुंदर !

Lazyani said...

Lovely. Poignant and touching!!

janta ki aawaz said...

Har Bar Ki Tarah .......Sundar Rachna......

knkayastha said...

ख़ामोश हैं हम किसीकी ख़ुशी के लिए,
पर उन्हें लगता है हमारा दिल नहीं दुखता...

Ishq ke kaaran ka to pata nahin...uska prabhav gamon ko sahne ki shakti avashya de deta hai... yahaan hisab-kitaab karne lage to souda ghate ka hi lagega...

bahut khoob...

अखिलेश सोनी said...

बहुत ही अच्छी रचनाएँ हैं आपकी बहुत बहुत बधाई..

Umesh Agarwal said...

bahut badhiya..could completely relate to it..

Sushanta Kar said...

কেমন আছেন ঊর্মী? আপনার সাম্প্রতিক কিছু কবিতা পড়লাম ।আপনি বাংলা বুঝেন দেখে বাংলাতে লিখাছি। শেষ তিনটি কবিতা ভালো লাগাতে আমাদের সম্পাদিত 'প্রজ্ঞানে'র জন্যে নিলে আপনার আপত্তি আছে? 'প্রজ্ঞান'দেখে থাকবেন আশা করি। এতে হিন্দি লেখা পেতে আমাদের খুব বেগ পেতে হয়। অসম থেকে পূর্বোত্তর ভারতের ভাষাগুলো নিয়ে গেল চার বছর ধরে 'শব্দ' নামে এক বহুভাষিক অভিধান তৈরি হচ্ছে। এরে সম্প্রতি হিন্দিও সন্নিবিষ্ট হয়েছে। আমি অনুরোধ করব এতে sign up করে আপনি ও যোগ দেবেন আর হিন্দি শব্দ ভাণ্ডার তৈরিতে আমাদের সাহায্য করবেন। আপনার বহু বন্ধু , তাই ওদেরকেও শব্দের আর প্রজ্ঞানের কথা বলবেন বলে অনুরোধ রইল। আপনি সাইট দুটো এখানে দেখতে পারেনঃ
১)http://pragyan06now.blogspot.com
২)http://www.xobdo.org