Sunday, August 29, 2010


रात की तन्हाई में उनको आवाज़ दिया करते हैं,
रात में सितारों से उनका ज़िक्र किया करते हैं,
वो आए या आए हमारे ख़्वाबों में,
हम तो सिर्फ़ उन्हीं का इंतज़ार किया करते हैं !

43 comments:

महफूज़ अली said...

बहुत सुंदर

वन्दना said...

बहुत खूब्।

संजय भास्कर said...

खूबसूरत शेर ..... बहुत लाजवाब ...

arvind said...

हम तो सिर्फ़ उन्हीं का इंतज़ार किया करते हैं !

...बहुत खूब्।

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक said...

बहुत सही लिखा है!
--
इन्तज़ार में ही मजा है!

kshama said...

Babli hameshaki tarah khoobsoorat likha hai..gar aisahi likha karogi to ham tippanee kaise denge?:):)

हास्यफुहार said...

बहुत अच्छी प्रस्तुति।
लाजवाब!

P.N. Subramanian said...

वाह! क्या बात है. भीशोण सुन्दोर

मनोज कुमार said...

बहुत सुंदर भाव लिए शे’र।
ग़ज़ब का चित्र।

रश्मि प्रभा... said...

bahut hi achha likha hai

hem pandey said...

हमेशा की तरह प्यार में पूरा समर्पण.

Akshita (Pakhi) said...

बहुत सुंदर लिखा है!

सुज्ञ said...

समर्पण!!

क्या खूब अभिव्यक्ति

sada said...

सुन्‍दर शब्‍दों से बेहतरीन पंक्तियां ।

ओशो रजनीश said...

अच्छी पंक्तिया लिखी है आपने .......... आभार

कुछ लिखा है, शायद आपको पसंद आये --
(क्या आप को पता है की आपका अगला जन्म कहा होगा ?)
http://oshotheone.blogspot.com

दिगम्बर नासवा said...

बहुत खूब .. इस इंतेज़ार का जो मज़ा है वो कहीं और कहाँ है ....

BK Chowla, said...

Wah

डॉ टी एस दराल said...

इस इंतज़ार में जो मज़ा है , वो मिलन में कहाँ ।
बढ़िया रचना ।

Udan Tashtari said...

यही तो कहलाता है शिद्दत से इन्तजार करना.

उम्दा!

राज भाटिय़ा said...

अति सुंदर जी, धन्यवाद

chitra said...

beautiful.....

चला बिहारी ब्लॉगर बनने said...

बहुत ख़ूब!!

बेचैन आत्मा said...

वाह!

शाहिद मिर्ज़ा ''शाहिद'' said...

रात की तन्हाई में उनको आवाज़ दिया करते हैं,
रात में सितारों से उनका ज़िक्र किया करते हैं,
वो आए या न आए हमारे ख़्वाबों में,
हम तो सिर्फ़ उन्हीं का इंतज़ार किया करते हैं !

वाह... बहुत सुन्दर... बधाई.

kavita said...

I hope the wait ends and the love birds get to look at the starry sky together.
Beautiful lines Babli !

Mayank Bhardwaj said...

खूबसूरत शेर ..... बहुत लाजवाब

P S Bhakuni (Paanu) said...

अच्छी प्रस्तुति।

manav vikash vigyan aur adytam said...

ati sundar

KK Yadava said...

बहुत खूबसूरती से भावों को पिरोया...उत्तम प्रस्तुति..बधाई.
___________________
'शब्द सृजन की ओर' में 'साहित्य की अनुपम दीप शिखा : अमृता प्रीतम" (आज जन्म-तिथि पर)

Akanksha~आकांक्षा said...

वाकई...बहुत खूबसूरत !

rohini said...

bahot acha,...i m glad to visit ur shayari post..kafi salon baad shayari padhi meine..maja aya...
thnx for visiting and leaving the comment at my blog...:)

sheetal said...

wah!kya baat hain.
bahut hi khubsurat.

khushi said...

vaah ji kamaal hai, mere blog visit ka shukriya

rohitler said...

अच्छी अभिव्यक्ति...

lokendra singh rajput said...

आपकी शायरियां हमेशा अपने करीब लगती हैं।

Rachna said...

Wow, you write so well. I must commend you on maintaining so many blogs. I glanced through your food blog and amazing, and they are wonderful too.

Arshad Ali said...

intazaar kisi ka karna kaisa hota hay..ye to wahi jaan payega jo intazar me hone wale ehsas ko tahe dil se mahsus kiya ho..
aapka kalam usi ehsas se gujar diya.
nice post

सत्यप्रकाश पाण्डेय said...

आप भी इस बहस का हिस्सा बनें और
कृपया अपने बहुमूल्य सुझावों और टिप्पणियों से हमारा मार्गदर्शन करें:-
अकेला या अकेली

रचना दीक्षित said...

खूबसूरत शेर!!!!! बहुत सही लिखा है

Divya said...

Hi Babli,

Happy Janmaashtami.

Nice lines you have quoted.

ana said...

lajwaab

Saiyed Faiz Hasnain said...

Rat Ki Tanhai Me Ham Unse Bat Kiya Karte The ....Fir Pata chala Ki Wo to Time pass Karte the ....
uttam Rachna ....

Suman said...

nice