Sunday, April 26, 2009


तस्वीर है तुम्हारी जो दीदार किया जाए,
तुम पास हो जो प्यार किया जाए,
ये कौन सा दर्द दिया है आपने,
कुछ कहा जाए, तुम बिन रहा जाए!

14 comments:

RAJ SINH said...

TASVEER KA NAHEEN KOYEE MAN KA DEEDAR HO .
KUCH AANSUON ME DOOBA SA JHILMIL SA PYAR HO !

sujata said...

Great Urmi..would love some happy poetry from you..There is happiness even when you miss the one you love..because you know that you are lucky you have somebody special to miss!! keep going!!

Dr. shyam gupta said...

बहुत अच्छा चित्र बनाया गया है ,बबली ओर सुन्दर भावों की माला भी गूंथी गयी है ।बधाई।---

पास भी हैं किन्तु कितने दूर हैं,
आपकी चाहों से भी अब दूर हैं।

आप चाहें या नहीं चाहें हमें,
आप इस प्यासी नज़र के नूर हैं।

mark rai said...

ये कौन सा दर्द दिया है..............endless dard...
न तुम बिन रहा जाए........yahi to dard hai ....

very nice lines and picture...
picture dekhne ke baad sochne par majbur hua..........

मोहन वशिष्‍ठ said...

गूंजने लगा ये मौन
तुझको पुकारने लगा
व्यथित हो सन्नाटे ने भी
सुर से सुर मिला लिए

बहुत खूब उर्मी जी बेहतरीन रचना और साथ में कैरिकेचर वेरी नाईस पेंटिंग

Mumukshh Ki Rachanain said...

सुन्दर भावव्यक्ति.

अच्छी रचना पर बधाई.


चन्द्र मोहन गुप्त

ajay kumar jha said...

kaun hai aisaa jo id dard bin raha hai,
kabhi na kabhi sabne ise saha hai,

mohabbat kee kismat ko kya khoob aapne kaha hai,

sundar, anupam, adbhut, ek yaadgaar post,

likhtee rahein, koi hai jo aapko padh raha hai.....

Harsh said...

sundar abhivayakti... aapko aabhar......

Syed Akbar said...

सुन्दर अभिव्यक्ति ...

डॉ० कुमारेन्द्र सिंह सेंगर said...

दूरियाँ ही नजदीकियाँ लातीं हैं,
दूरियाँ ही एक-दूजे की याद दिलातीं हैं।
दूर होकर भी कोई करीब है कितना,
दूरियाँ ही इस बात का एहसास दिलातीं हैं।।
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आपकी सुंदर रचना के लिए बधाई
शब्दकार
रायटोक्रेट कुमारेन्द्र

manu said...

बहुत प्यारा लिखा है आपने,,,,
और पेन्सिल स्केच में तो जादू कर दिया है,,
कमाल का हुनर है आपका,,,,

अभिन्न said...

wonderful composition

Jayant Chaudhary said...

बहुत सुन्दर.. चार पंक्तियाँ, कमाल कर गई..

~जयंत

M Verma said...

इतनी बेबसी क्यू?
दिल मे बसी तस्वीर से काम चला लीजिए
जो दूर है आवाज़ दे उसे पास बुला लीजिए

बहुत अच्छा लिखा है
बधाई